
“आप भविष्य के नेता हैं जो अमृत काल में प्रधानमंत्री के विकसित भारत के स्वप्न को साकार करने के लिए देश के भाग्य को आकार देंगे”, श्री अर्जुन मुंडा ने कहा
छात्रों ने अपनी शिक्षा में सहयोग करने और नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस परेड देखने का अवसर देने के लिए सरकार को धन्यवाद दिया
जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री अर्जुन मुंडा ने आज नई दिल्ली में अपने निवास पर देश के दूर-दराज के क्षेत्रों से आए 550 से अधिक जनजातीय छात्रों से मिले, जिन्हें 75वें गणतंत्र दिवस पर विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। नौवीं और दसवीं कक्षा के ये छात्र मंत्रालय द्वारा दी जा रही मैट्रिक-पूर्व छात्रवृत्ति योजना के लाभार्थी हैं। इस अवसर पर श्री मुंडा ने राष्ट्रीय राजधानी में कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस समारोह व्यक्तिगत रूप से देखने के लिए जनजातीय बच्चों को आमंत्रित करने पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद दिया।
छात्रों को संबोधित करते हुए श्री मुंडा ने विभिन्न राज्यों से दिल्ली में एकत्रित छात्रों के बीच की विविधता को देखते हुए सभा को ‘लघु भारत’ कहा। मंत्री महोदय ने उन्हें एक-दूसरे से मिलकर, उनके राज्यों, संस्कृतियों और परम्पराओं के बारे में जानने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि यह प्रधानमंत्री के ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ के विचार का सर्वश्रेष्ठ उदाहरण है।
छात्रों को अपने भविष्य को आकार देने में मंत्रालय की छात्रवृत्ति का सर्वोत्तम उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करते हुए श्री मुंडा ने कहा, “आप भविष्य के नेता हैं और अमृत काल में प्रधानमंत्री के विकसित भारत को प्राप्त करने के लिए हमारे देश की नियति को आकार देंगे”। उन्होंने कहा कि कोई भी राष्ट्र तभी प्रगति कर सकता है जब उसके युवा ईमानदार और शिक्षित हों। शिक्षा सफलता की कुंजी है क्योंकि यह कई अवसरों के द्वार खोलती है। मंत्री ने छात्रों से संकल्प लेने को कहा कि उन्हें जो अवसर मिला है, उसका लाभ वे देश को वापस देंगे। उन्होंने कहा, “आपको ज्ञान की निरंतर खोज से अपने व्यक्तित्व का विकास करना जारी रखना चाहिए क्योंकि आपकी सफलता देश की सफलता है।“
श्री मुंडा ने छात्रों को 24,000 करोड़ रुपये के पीएम-जनमन मिशन के बारे में जानकारी दी, जिसके तहत इसके लॉन्च के सिर्फ 2 महीने के भीतर, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में 1 लाख पक्के घर, 1207 किलोमीटर की संपर्क सड़कें, 1830 विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजी) बस्तियों को नल के पानी की आपूर्ति, 100 मोबाइल चिकित्सा इकाइयां, आदिवासी छात्रों के लिए 100 छात्रावास आदि स्वीकृत किए गए हैं। उन्होंने कहा कि जनजातीय समुदाय के समग्र विकास को सुनिश्चित करने की दिशा में प्रधानमंत्री-जनमन मिशन भारत सरकार के ‘संपूर्ण सरकार’ के दृष्टिकोण का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
इस अवसर पर जनजातीय मामलों के सचिव श्री विभु नायर ने छात्रों के साथ बातचीत की और उनसे राष्ट्रीय राजधानी की उनकी पहली यात्रा के दौरान के अनुभवों के बारे में पूछा। अपने संबोधन के दौरान, सचिव ने छात्रों को अपने अनुभवों, सीखों और प्रेरणाओं को अपने साथी छात्रों के साथ साझा करने और उन्हें उन विभिन्न योजनाओं के बारे में जानकारी देने के लिए प्रोत्साहित किया, जिन्हें भारत सरकार आदिवासियों, विशेष रूप से युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए लागू कर रही है।
जनजातीय मामलों के अपर सचिव श्री नवलजीत कपूर ने आमंत्रित छात्रों के लिए आयोजित गतिविधियों का विवरण देते हुए, भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात के अलावा ऐतिहासिक स्मारकों और दिल्ली मेट्रो की सवारी सहित अन्य कार्यक्रमों की जानकारी दी।
जीवन में एक बार मिलने वाले इस अवसर के लिए अपना आभार व्यक्त करते हुए, छात्रों ने उनकी शिक्षा के लिए प्रदान की जा रही सहायता और नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर 75वें गणतंत्र दिवस परेड का साक्षी बनने का अवसर देने के लिए प्रधानमंत्री और जनजातीय मामलों के मंत्रालय को धन्यवाद दिया। उन्होंने भारत के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से मिलने के महान अवसर पर भी प्रसन्नता व्यक्त की।